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सैम करन और टॉम करन के भाई बेन करन ने इंग्लैंड छोड़कर जिम्बाब्वे क्रिकेट से खेलना का किया फैसला; जाने क्यों?

सैम करन और टॉम करन के भाई बेन करन ने इंग्लैंड छोड़कर जिम्बाब्वे क्रिकेट से खेलना का किया फैसला जाने क्यों

Sam Curran, Tom Curran & Ben Curran (Source X)

करन ब्रदर्स इंग्लैंड के सफल क्रिकेटरों में शामिल हैं, लेकिन तीनों की यात्रा एक-दूसरे से काफी अलग रही है। जहां टॉम और सैम करन ने इंग्लैंड में अपने करियर को ऊंचाइयों तक पहुंचाया, वहीं उनके मिडिल ब्रदर बेन करन अब अपने मूल देश जिम्बाब्वे के साथ क्रिकेट करियर की नई शुरुआत कर रहे हैं।

बेन करन जिम्बाब्वे के महान क्रिकेटर केविन करन के बेटे हैं। करन ब्रदर्स ने अपना शुरुआती जीवन पूर्वी जिम्बाब्वे के रूसापे में बिताया। 2012 में उनके पिता के निधन के बाद सभी भाई इंग्लैंड चले गए, जहां टॉम और सैम ने सरे और इंग्लैंड की राष्ट्रीय टीम के साथ अपनी पहचान बनाई।

हालांकि, 28 वर्षीय बेन करन ने एक अलग रास्ता अपनाया। नॉर्थैम्पटनशायर के साथ खेलने के बाद, अब वे जिम्बाब्वे में अपनी क्रिकेट यात्रा जारी रख रहे हैं, जहां वे राष्ट्रीय चयन के योग्य हैं। हाल ही में जिम्बाब्वे की प्रमुख प्रथम श्रेणी प्रतियोगिता लोगन कप में बेन ने 458 रन बनाए, जिसमें दो अर्धशतक और एक शतक शामिल हैं।

“जिम्बाब्वे से मेरा गहरा कनेक्शन है” – बेन करन

Cricbuzz से बात करते हुए बेन ने कहा, “मेरा उच्चारण थोड़ा बहुत इंग्लैंड और जिम्बाब्वे दोनों का मिश्रण है, लेकिन जिम्बाब्वे से मेरा गहरा कनेक्शन है। मेरी बचपन की अधिकतर यादें वहीं की हैं, और मेरे माता-पिता भी वहीं से हैं। जब हम छोटे थे, मैं शायद चार या पांच साल का था, हम जिम्बाब्वे चले गए थे। मैंने अपनी ज़िन्दगी का अधिकांश हिस्सा वहां बिताया है।”

“क्या ही कहानी होगी” – बेन करन

बेन करन को इस बात का अहसास है कि जिम्बाब्वे के लिए खेलना उनके लिए एक बड़ी उपलब्धि होगी। दिलचस्प यह है कि अगले साल इंग्लैंड जिम्बाब्वे की मेजबानी करेगा और बेन के पास अपने भाइयों में से किसी एक के खिलाफ खेलने का अवसर हो सकता है।

उन्होंने कहा, “क्या ही कहानी होगी, अगर ऐसा हुआ। शायद थोड़ी अजीब, विशेष और मिश्रित भावनाएं होंगी। लेकिन मेरी मां के लिए यह और भी खास होगा।”

“मेरे पिता की तरह सफर पूरा होगा” – बेन करन

बेन करन का सफर उनके पिता केविन करन के सफर जैसा है, जिन्होंने जिम्बाब्वे और नॉर्थैम्पटनशायर दोनों के लिए क्रिकेट खेला था। उन्होंने कहा-

“यह एक पूरा सर्कल है। मेरे पिता ने नॉर्थैम्पटन के लिए खेला और अब मैं भी जिम्बाब्वे के लिए खेल सकता हूं, जहां उन्होंने खेला और कोचिंग भी की थी।”

बेन करन फिलहाल मिड-वेस्ट राइनोज़ के साथ आगामी सीजन की तैयारी कर रहे हैं और निरंतर प्रदर्शन करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। उन्होंने कहा-

“मुझे सिर्फ प्रदर्शन करना है और अपने कंट्रोल में जो है, उसे संभालना है। इससे मुझे आगे बढ़ने का सबसे अच्छा मौका मिलेगा।”

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