
IPL Trophy. (Image Source: BCCI-IPL)
IPL 2025 ऑक्शन इस साल के अंत में होने की संभावना है, और आगामी सीजन के रिटेंशन नियमों को लेकर सस्पेंस अब भी बना हुआ है। रिटेंशन नियमों को लेकर बीसीसीआई द्वारा अभी तक कोई फैसला नहीं लिया गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, बीसीसीआई इस महीने के अंत तक रिटेंशन नियमों की घोषणा को टाल सकता है।
AGM मीटिंग के दौरान हो सकता है रिटेंशन नियमों का ऐलान
29 सितंबर को बीसीसीआई की वार्षिक सालाना मीटिंग होने वाली है, इससे आईपीएल का कोई लेना देना नहीं है। हालांकि ऐसा माना जा रहा है कि इसी के आसपास बोर्ड नई रिटेंशन पॉलिसी का ऐलान कर सकता है।
आईपीएल अधिकारियों का मानना है कि घोषणा में कम से कम 10 दिन से लेकर दो सप्ताह तक का समय लग सकता है। हालांकि इस बारे में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन हाल में जिन फ्रेंचाइजियों ने रिटेंशन नियमों पर बीसीसीआई अधिकारियों से संपर्क किया है, उन्हें बताया गया है कि इसमें देरी हो सकती है।
IPL 2025: 15 नवंबर तक फ्रेंचाइजियां खिलाड़ियों को कर सकती है रिटेन
आईपीएल फ्रेंचाइजियों के पास अपने खिलाड़ियों को रिटने करने के लिए 15 नवंबर तक का समय रहेगा। साथ ही दिसंबर में होने वाले मेगा ऑक्शन में राइट टू मैच कार्ड का भी इस्तेमाल किया जाएगा। दूसरी ओर ये खबर भी सामने आ रही है कि इंटरनेशनल क्रिकेट से रिटायर हो चुके खिलाड़ियों को अनकैप्ड खिलाड़ियों की लिस्ट में शामिल किया जा सकता है।
भारतीय पूर्व दिग्गज खिलाड़ी महेंद्र सिंह धोनी एक और सीजन खेलने वाले हैं, और इस नियम से चेन्नई सुपर किंग्स को बड़ा फायदा पहुंचेगा। बता दें, आईपीएल में पहले यह नियम था कि जिस खिलाड़ी को इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लिए 5 या उससे ज्यादा साल हो चुके हैं उन्हें अनकैप्ड प्लेयर माना जाए। इस नियम को 2021 के बाद खत्म कर दिया गया था।
बीसीसीआई रिटेंशन की संख्या के आधार पर पर्स का एक हिस्सा काटेगा। इसलिए ऐसा माना जा रहा है कि रिटायर्ड खिलाड़ियों को अनकैप्ड करने से ऑक्शन पर्स पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
16 मार्च, Morning News Headlines: आज सुबह तक की सभी ताजा खबरें क्रिकेट जगत से
IPL 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की प्लेइंग इलेवन में ये 4 विदेशी खिलाड़ी साबित हो सकते हैं बड़े गेम चेंजर
IPL 2026: आरसीबी की प्लेइंग इलेवन में ये 4 विदेशी खिलाड़ी साबित हो सकते हैं गेम चेंजर
The Hundred 2026: सनराइजर्स लीड्स में अबरार अहमद की भागीदारी पर संशय, इंटरनेशनल शेड्यूल है बड़ी वजह

