Skip to main content

ताजा खबर

मैं Kapil Dev की तरह फास्ट बाॅलिंग करियर बनाना चाहता था, लेकिन….., हरभजन सिंह ने दिया चौंकाने वाला बयान

मैं Kapil Dev की तरह फास्ट बाॅलिंग करियर बनाना चाहता था, लेकिन….., हरभजन सिंह ने दिया चौंकाने वाला बयान

Harbhajan Singh (Image Credit- Twitter X)

भारत के पूर्व दिग्गज स्पिनर और वर्तमान राज्यसभा सांसद हरभजन सिंह (Harbhajan Singh) ने हाल में ही एक बड़ा बयान दिया है। क्रिकेट गलियारों में टर्बनेटर के नाम से मशहूर हरभजन ने कहा है कि वह कपिल देव (Kapil Dev) की तरह फास्ट बाॅलिंग क्रिकेट करियर बनाना चाहते थे। 3 जुलाई, 1980 को पंजाब के जालंधर में जन्मे हरभजन सिंह महान कपिल देव के नक्शे कदम पर ही आगे बढ़ना चाहते थे, लेकिन उस समय के हालात और उनके शरीर ने इसकी इजाजत नहीं दी।

हरभजन ने बताया कि शुरुआती दिनों में मिली एक अहम सलाह के बाद, उन्होंने तेज गेंदबाजी छोड़कर ऑफ-स्पिन गेंदबाजी अपनाई। उन्होंने कहा कि किसी ने उन्हें स्पिनर बनने का सुझाव दिया था, जबकि शुरुआत में उन्हें इस शैली के बारे में ज़्यादा जानकारी नहीं थी। यह बदलाव उनके इंटरनेशनल करियर के लिए बहुत फायदेमंद साबित हुआ। हरभजन 1998 से 2016 तक चले इस करियर के दौरान वे भारत के सबसे सफल स्पिन गेंदबाजों में से एक बने।

Harbhajan Singh का बड़ा बयान

हाल में ही एक मीडिया इंटरव्यू में हरभजन सिंह ने न्यूज नेशन के हवाले से कहा “मैं कपिल पाजी (कपिल देव) जैसा बनना चाहता था, लेकिन मेरी शारीरिक बनावट वैसी नहीं थी। किसी ने मुझसे कहा कि मुझे स्पिनर बनना चाहिए। सच कहूँ तो, उस समय मुझे यह भी नहीं पता था कि स्पिन बॉलिंग क्या होती है। लेकिन जब किसी ने यह बात कही, तो यह विचार मेरे मन में बैठ गया और मैंने गेंद को थोड़ा स्पिन करने की कोशिश शुरू कर दी। मुझे तो यह भी नहीं पता था कि गेंद को ठीक से कैसे पकड़ते हैं।”

हरभजन ने आगे कहा- “गुरशरण, जो अभी भी मेरे पड़ोस में रहते हैं, उन्होंने ही मुझे सलाह दी थी। तो उस सलाह के लिए गुच्ची पाजी, आपका शुक्रिया। काश मैंने इंटरनेशनल लेवल पर बैटिंग को थोड़ा और गंभीरता से लिया होता। जब मैं क्रिकेट में आया, तो मैं गेंद को अच्छे से हिट कर सकता था, लेकिन अक्सर बहुत जल्दबाजी करता था।

अगर मैंने थोड़ा और धैर्य दिखाया होता, तो मैं दोगुने रन बना सकता था। अपने करियर के बाद के समय में मैंने इसे थोड़ा और गंभीरता से लिया। मैंने लगातार दो शतक बनाए और कुछ रिकॉर्ड भी बनाए। मैंने बॉलिंग को पूरी लगन से किया। अगर मैंने अपनी बैटिंग में भी उस लगन का 15 प्रतिशत भी दिया होता, तो मैं और भी ज़्यादा रन बनाता और टीम को और मैच जिताने में मदद करता।

আরো ताजा खबर

“रैंडम द्विपक्षीय सीरीजों का दौर अब खत्म”: ICC CEO Sanjog Gupta का बड़ा बयान

ICC CEO Sanjog Gupta Calls for Structure to Save ODIs and Test Cricket (image via X) बिना किसी खास प्लान्स के होने वाली द्विपक्षीय सीरीज का दौर अब ऑफिसियल तौर...

SM Trends: 13 अगस्त के शानदार Tweet और Video के बारे में यहां जाने, जो काफी तेजी से हो रहे हैं वायरल

ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच डार्विन में जारी पहले टेस्ट मैच में आज 13 अगस्त को पहले दिन का खेल खत्म हुआ। इस दिन के खेल को लेकर काफी वीडियो...

SL vs IND 2026: गॉल टेस्ट के लिए कौन होने चाहिए भारत के 5 गेंदबाज? जाने यहां

SL vs IND: Who should be India’s 5 bowlers in 1st Test against Sri Lanka? (image via X) SL vs IND: जब भारत ऐतिहासिक गॉल इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में श्रीलंका...

Babar Azam ने खत्म किया दो साल का सूखा! फिर से आईसीसी टाॅप-10 रैंकिंग में बनाई जगह

Babar Azam (Image Credit- Twitter X) पाकिस्तान के टेस्ट कप्तान बाबर आजम (Babar Azam) ने बुधवार को लगभग दो साल का सूखा खत्म करते हुए वापिस से आईसीसी टेस्ट रैंकिंग...