
Michael Hussey (Image Credit- Twitter/X)
ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम के पूर्व मध्यक्रम बल्लेबाज माइकल हसी ने हाल ही में अपने करियर के सबसे खतरनाक गेंदबाज का नाम उजागर किया है। हसी ने द ओवरलैप क्रिकेट के माध्यम से बताया कि दक्षिण अफ्रीका के दिग्गज तेज गेंदबाज डेल स्टेन का सामना करना इतना मुश्किल था कि उन्हें सचमुच अपनी जान का डर लगने लगा था।
हसी ने स्टेन के साथ-साथ विश्व और श्रीलंका क्रिकेट के स्पिन लीजेंड मुथैया मुरलीधरन को भी उन दो गेंदबाजों में शामिल किया जिन्होंने उन्हें उनके कार्यकाल में सबसे ज्यादा परेशान किया था। यह दोनों ही गेंदबाज़ अपनी टीम के हुकुम के इक्के थे और बड़े मुकाबलों में टीम के लिए सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते थे।
डेल स्टेन पर दिया हसी ने बड़ा बयान
हसी ने 2009 में डरबन के किंग्समीड में ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के बीच हुए दूसरे टेस्ट के एक विशेष पल को याद किया। उस समय पिच में खतरनाक उछाल था, जिस पर ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज मिचेल जॉनसन पहले ही दो दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों को चोटिल कर चुके थे। हसी उस समय क्रीज पर संघर्ष कर रहे थे और खुद को बचाए रखने की कोशिश कर रहे थे।
हसी ने खुलासा किया कि तभी उन्होंने डेल स्टेन को कप्तान पर चिल्लाते हुए सुना। स्टेन ने कहा, “स्किप, मुझे गेंद दो। मैं इसे आउट नहीं करना चाहता, मैं इसे बस मार डालना चाहता हूँ।” इसके बाद, जैसा कि स्टेन ने वादा किया था, उन्होंने बाउंसर पर बाउंसर की बरसात कर दी। हसी ने उस भया से भरे पल को याद करते हुए बताया कि गेंद उनके हेलमेट के ग्रिल पर, कंधे पर और बगल के नीचे लगी। उन्होंने कहा, “मैं अपने पैरों से खून बहता हुआ महसूस कर सकता था।”
उस समय उन्हें लगा कि वह सचमुच ‘काम से गए’। अपने करियर के दौरान, डेल स्टेन ने टेस्ट मैचों में हसी को सात बार आउट किया और उनके खिलाफ हसी का औसत सिर्फ 12.71 रहा। यह इस बात को साबित करता है कि स्टेन ने हसी पर मनोवैज्ञानिक और तकनीकी दोनों तरह से अपना दबदबा बनाए रखा था।
29 जनवरी, Morning News Headlines: आज सुबह तक की सभी ताजा खबरें क्रिकेट जगत से
IND vs NZ 2026, 4th T20I: न्यूजीलैंड ने भारत को 50 रनों से हराया, शिवम दुबे के अर्धशतक पर फिरा पानी
‘मुझे रिस्पेक्ट महसूस नहीं हो रही थी’ – युवराज सिंह ने क्रिकेट से रिटायरमेंट के फैसले को याद किया
IND vs NZ: चौथे टी20 मैच में न्यूजीलैंड ने भारत के सामने जीत के लिए रखा 216 रनों का मजबूत लक्ष्य

