
Team India Players (Photo Source: X)
भारतीय टीम 17 साल बाद टी20 वर्ल्ड कप का खिताब जीतने में कामयाब रही। रोहित शर्मा के नेतृत्व में भारतीय टीम दक्षिण अफ्रीका को हराकर टी20 वर्ल्ड कप की ट्रॉफी जीतने में कामयाब रही। भारत द्वारा टी20 वर्ल्ड कप अपने नाम करने के बाद पूरे देश ने दिवाली जैसा जश्न मनाया। भारतीय क्रिकेटर गुरुवार को स्वदेश लौट आए। सबसे पहले दिल्ली में उनका स्वागत किया गया। वहां उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात की।
इसके बाद टीम इंडिया मुंबई पहुंची। मरीन ड्राइव से वानखेड़े स्टेडियम तक विजय जुलूस में हजारों मुंबईवासियों ने टीम इंडिया का स्वागत किया। इसके बाद वानखेड़े स्टेडियम में टीम इंडिया के खिलाड़ियों का अभिनंदन किया गया।
इसी बीच भारतीय टीम के खिलाड़ी के लिए एक बुरी खबर है। दरअसल, खबर आई थी कि भारतीय टीम के पूर्व बल्लेबाज और कोच अंशुमान गायकवाड़ (Anshuman Gaekwad) ब्लड कैंसर से पीड़ित हैं।
कौन है Anshuman Gaekwad?
अंशुमन गायकवाड़ ने 1975 से 1987 तक भारत के लिए क्रिकेट खेला था। इस दौरान उन्होंने 40 टेस्ट और 15 वनडे मैचों में हिस्सा लिया है। इसके अलावा उन्होंने 1997 से 1999 तक टीम को कोचिंग भी दी। वह अपने करियर में दो बार भारतीय टीम के मुख्य कोच बने। साल 2000 में उन्होंने दोबारा कोच के तौर पर टीम की कमान संभाली थी।
फिलहाल, अंशुमान गायकवाड़ लंदन के एक अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं। भारत के पूर्व खिलाड़ी संदीप पाटिल ने मिड-डे में प्रकाशित अपने कॉलम में उनके बारे में कुछ बातों का जिक्र किया है। अंशू ने लिखा है कि उन्हें इलाज के लिए पैसों की जरूरत है। दिलीप और मैंने इस बारे में बीसीसीआई से बात की है। अंशुमन से मुलाकात के बाद हमने बाकी क्रिकेटरों का ध्यान अपनी ओर खींचा।
भारत के पूर्व क्रिकेटर संदीप पाटिल ने टी20 विश्व कप विजेता भारतीय टीम के लिए 125 करोड़ रुपये की भारी पुरस्कार राशि की घोषणा के बाद बीसीसीआई से अंशुमन गायकवाड़ की जान बचाने का आग्रह किया है।
पाकिस्तान के खिलाफ खेली थी यादगार पारी
अंशुमन ने अपने क्रिकेट करियर में पाकिस्तान के खिलाफ ऐतिहासिक पारी खेली थी। वह 1983 में जालंधर टेस्ट में पाकिस्तान के खिलाफ 201 रन बनाने में सफल रहे। यह उस समय प्रथम श्रेणी क्रिकेट में सबसे धीमा दोहरा शतक था। उनकी इस पारी की बदौलत भारतीय टीम पाकिस्तान के खिलाफ मैच ड्रा कराने में कामयाब रही। पाकिस्तान टीम के सभी गेंदबाजों ने अंशुमन को आउट करने की कोशिश की। लेकिन वह मैदान पर अकेले खड़े रहे और भारत के लिए मैच ड्रा करा दिया।
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